भगवान परशुराम का जीवन सत्य, साहस और अन्याय के विरुद्ध संघर्ष का प्रतीक : सीमा त्रिखा
Lord Parashurama's life is a Symbol of Truth
पंजाबी ब्राह्मण सभा फरीदाबाद द्वारा भगवान परशुराम जयंती मनाई
फरीदाबाद। दयाराम वशिष्ठ। Lord Parashurama's life is a Symbol of Truth: पंजाबी ब्राह्मण सभा फरीदाबाद द्वारा आयोजित भगवान परशुराम जयंती सप्ताह के तहत कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का आयोजन पंजाबी कालोनी फरीदाबाद स्थित भगवान परशुराम धर्मशाला में किया गया। इस अवसर पर मुख्य अतिथि के रूप में प्रदेश की पूर्व शिक्षा मंत्री श्रीमती सीमा त्रिखा ने शिरकत की। इस अवसर पर मुख्य रूप से संस्था के चेयरमैन अश्वनी त्रिखा, वाइस चेयरमैन राजन ओझा, हरीश ऋषि, सुरेन्द्र शर्मा सहित अन्य लोगों ने भाग लिया।
इस अवसर पर दिल्ली से आई भजन मण्डली ने भगवान परशुराम के भजनों से लोगों को मंत्रमुग्ध कर दिया। सुबह कार्यक्रम का शुभारंभ हवन यज्ञ के साथ किया गया। सभी आए हुए श्रद्धालु ने यज्ञ में आहूर्ति डाली।

इस अवसर पर संस्था के प्रधान गणेश शर्मा ने मुख्य अतिथि श्रीमती सीमा त्रिखा सहित अन्य अतिथियों का सरोपा व शाल भेंट कर सम्मान किया।
इस मौके पर उपस्थित लोगों को सम्बोधित करते हुए पूर्व शिक्षा मंत्री श्रीमती सीमा त्रिखा ने भगवान परशुराम की प्रतिमा के समक्ष पुष्पमाला अर्पित कर नतमस्तक होकर आशीर्वाद लिया। उन्होंने कहा कि ऐसे धार्मिक आयोजनों से सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है और आपसी सौहार्द को मजबूती मिलती है। भगवान परशुराम का जीवन सत्य, साहस और अन्याय के विरुद्ध संघर्ष का प्रतीक है। आज के समय में हमें इन आदर्शों को अपने जीवन में अपनाने की आवश्यकता है।
कार्यक्रम के समापन अवसर पर श्रद्धालुओं के लिए भण्डारे का भी आयोजन किया गया था।